मसूरी : शहर की माल रोड पर बिना अनुममि के आने वाली स्कूटिंयों को रोकने के लिए जिला प्रशासन के निर्देश पर लगाये जा रहे बैरियर को स्थानीय जनता ने हंगामा कर उखाड़ दिया व इस जन विरोधी कदम के विरोध में नगर पालिका के खिलाफ जोरदार नारेबाजी भी की गई।
विगत दिनों जिलाधिकारी ने बैठक ली थी जिस पर माल रोड पर अवैध रूप से आने वाली स्कूटियों को रोकने के लिए पुलिस विभाग के कहने पर विभिन्न स्थानों पर बैरियर लगाने के निर्देश दिए थे। जिस पर मालरोड स्थित लवली आमलेट दुकान के सामने तिलक रोड को जोडने वाली सड़क पर बैरियर लगाये जा रहे थे। जैसे ही लोगों को पता चला तो बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गये व व्यापार संघ के नेतृत्व में लगाये गये बैरियर को उखाड़ फेंका। इस दौरान पालिका प्रशासन व पालिकाध्यक्ष के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। इस मौके पर व्यापार संघ के अध्यक्ष रजत अग्रवाल ने कहा कि मालरोड को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग पर बैरियर लगाना गलत है। उन्होंने कहा कि यह संपत्ति नगर पालिका की हैै, उनके स्वामित्व वाली भूमि पर वहां पर एमडीडीए, एसपी ट्रेफिक व पुलिस विभाग किसी प्रकार की रोकथाम करने के लिए बैरियर नहीं लगा सकता। नगर पालिका को अगर कोई बैरियर लगाने हैं तो इसके लिए पालिका बोर्ड बैठक करे व उसमें प्रस्ताव पास करें व उसके बाद विज्ञापन निकाले व जनता की आपत्ति मांगे व वार्ता के बाद कार्य किया जाय। लेकिन इसमें ऐसा कुछ नहीं किया गया व सीधे बैरियर लगाये जा रहे हैं। यह नगर पालिका की तानाशाही है, बिना सुझाव लिए यह कार्य नहीं हो सकता, ऐसे बैरियर कई स्थान पर बैरियर लगाने की बात की जा रही है। इससे मसूरी को छावनी बनाया जा रहा है जो कि पालिका की तानाशाही है। पालिकाध्यक्ष जनविरोधी है, इसका विरोध किया जायेगा। उन्होंने कहा कि जो कार्य जनता के खिलाफ किया जाये उसका विरोध करें व्यापार संघ उनके साथ खड़ा है वहीं राज्य सरकार से भी वार्ता की जायेगी अगर तब भी नहीं हुआ तो दिल्ली जाकर धरना देंगे।
इस संबंध में जब पालिका ईओ से बात की तो उन्होंने मना किया तो ऐसे में पालिका की संपत्ति पर दूसरा विभाग किस अधिकार से बैरियर लगा रहा है। पालिका सभासद गीता कुमाई ने कहा कि गत चार वर्षों में ऐसी गतिविधियां हो रही हैं जो शहर का दुर्भाग्य है जिससे जनता को परेशानी हो रही है। उन्होंने कहा कि ऐसे बैरियर लगाने के कोई लिखित आदेश नहीं है जिसका विरोध किया जायेगा अगर किसी की तबियत खराब होती है तो वह कैंसे अस्पताल पहुंचेगा। इसकी वह कड़ी निंदा करती हैं।
वहीं इस संबंध में पालिकाध्यक्ष अनुज गुप्ता ने कहा कि इन बैरियरों को लगाने के लिए पालिका जिम्मेदार नहीं है और न ही पालिका से कोई परमिशन ली गई है।
इस मौके पर जगजीत कुकरेजा, नागेंद्र उनियाल, प्रकाश राणा, कश्मीरी लाल, बड़ी संख्या में व्यापारी व जनता मौजूद रही।
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