मसूरी : मसूरी नगर पालिका परिषद प्रतिनिधियों पर राजनैतिक लाभ पाने के लिए मसूरी के स्थापना के इतिहास को बिगाड़ने और लोकधन की फिजूलखर्ची का आरोप लगाते हुए मसूरी बचाओ संघर्ष समिति ने एक बैठक कर कड़ी निन्दा की है। और मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर संज्ञान लेने का अनुरोध किया है। ज्ञापन में कहा गया है कि इतिहासकारों गणेश शैली और गोपाल भारद्वाज तथा दस्तावेजों के अनुसार कैप्टन यंग द्वारा मसूरी की स्थापना 1827 में की गई थी जिसके अनुसार मसूरी के स्थापना के 200 वर्ष 2027 में पूर्ण होंगें। मसूरी के वास्तविक स्थापना दिवस को समिति द्वारा आगामी वर्षों में 2025 से 2027 में मनाया जाएगा।
इंस्टाग्राम ने मेटा ग्लासेज़ यूज़र्स के लिए स्पिन व्यू, मल्टी-कैम जैसे नए स्टोरी फॉर्मेट और…
बेंगलुरु में आज सुबह स्टोन क्रशर साइट पर बड़ा हादसा हो गया. बिहार और असम…
मसूरी एमपीजी कार्यवाहक प्राचार्य में हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. मामले की अगली सुनवाई 25 अगस्त…
हरिद्वार जनपद में मदरसों को निजी विद्यालयों की तर्ज पर मान्यता देने की प्रक्रिया तेज…
नैनीताल मॉल रोड शहर का काफी व्यस्त रोड है. यहां सुबह से शाम तक सैलानी…
जमीअत उलेमा-ए-हिंद ने यह भी कहा कि उत्तराखंड के नए कानून को उच्च न्यायालय में…