अनिल भंडारी
श्रीनगर : पेयजल समस्या को लेकर जहां ग्रामीणों के दूसरे दौर का धरना पांचवे दिन भी सुरेंद्र दत्त पोखरियाल की अध्यक्षता में जारी रहा वही प्रशासन व विभाग भी मौन साधे है पांचवे दिन भी कोई अधिकारी व कर्मचारी मौके पर नही पहुंचे जिससे धीरे धीरे अब ग्रामीणों का धैर्य भी जवाब देने लगा है।
प्रधान संघ के अध्यक्ष व ग्राम प्रधान सुनय कुकशाल ने ग्रामीणों की राय से धरना प्रदर्शन को लेकर नई रणनीति बनाने का फैसला किया है उन्होंने प्रशासन व विभाग पर वादा खिलाफी का आरोप लगाते हुए कहा की पंद्रह दिन का समय बीत के बाद भी जब कोई भी कार्य नही किया गया तो दोबारा से धरना शुरू करना पड़ा लेकिन पांच दिन बीत जाने के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी का धरना स्थल पर ना आना यह साबित करता है कि कोई भी अपने कार्यों के प्रति कितने लापरवाह है जिसको देखते हुए अब ग्रामीण भूख हड़ताल और चक्का जाम करने की रणनीति बनाई है। पांचवे दिन धरने पर लक्ष्मीदेवी, प्रियंकादेवी, चंदादेवी, किरनदेवी, रीनादेवी, गणपति प्रसाद, सोहन लाल, रमेश चंद्र,गौरव आदि रहे।
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