देहरादून : सूबे के वन मंत्री सुबोध उनियाल की अध्यक्षता मे दिनांक 22 जून 2024 को राज्य मे वन पंचायतों के सुदृढीकरण, पौधा रोपण, हरेला, वन महोत्सव, एन.टी.एफ.पी., हर्बल, मिशन तथा वन पंचायतों मे कीडा जडी एकत्रीकरण के सम्बन्ध मे समीक्षा की गई तथा वन पंचायतों मे पायी जाने वाली प्रजातियों भमोर, दाडिम, मेहल, काफल, काला जीरा, गुच्छी आदि के एकत्रीकरण, प्रोसेसिंग व उनसे तैयार उत्पाद के माध्यम से वन पंचायतों की आजीविका बढ़ाने पर विचार विर्मश किया गया तथा इस सम्बन्ध मे सम्बन्धित अधिकारीयों को आवश्यक निर्देश दिये गये। मानसून के दोरान जनप्रतिनिधियों, वन पंचायतों, महिलाओं, छात्रों, ग्रामीणें व स्वैच्छिक संगठन आदि के सहयोग व सहभागिता से हरेला कार्यक्रम 2024 मनाये जाने हेतु प्रभागीय वन अधिकारीयों को निर्देश दिये गये, साथ ही हरेला वन हेतु वन अनुभाग मे पौधारोपण करने के निर्देश दिये गये।
उक्त बैठक में प्रमुख वन संरक्षक (HoFF) उत्तराखंड/अध्यक्ष जैव विविधता बोर्ड डा. धनंजय मोहन, अपर प्रमुख वन संरक्षक, नियोजन व वित्तीय प्रबंधन, निशांत वर्मा, अपर प्रमुख वन संरक्षक वन्य जीव डा.विवेक पांडे, मुख्य परियोजना निदेशक जायका परियोजना विजय कुमार, मुख्य वन संरक्षक वन पंचायत डा.पराग मधुकर धकाते, मुख्य वन संरक्षक राहुल, अपर सचिव वन विनीत कुमार उत्तराखंड शासन, सत्य प्रकाश उपसचिव वन, संबन्धित वन संरक्षक तथा डीएफओ आदि अधिकारीगण उपस्थित रहे
अटल आयुष्मान योजना प्रदेश की आम जनता, तो गोल्डन कार्ड योजना सरकारी कर्मचारियों और पेंशनधारियों…
सीबीआई की विशेष अदालत ने यूकेएसएसएससी पेपर लीक मामले में तीनों आरोपियों पर आरोप तय…
उधम सिंह नगर के एआरटीओ कार्यालय में दोनों कारों को आमने-सामने लाया गया, मारुति कंपनी…
उत्तराखंड में इस साल वनाग्नि की 580 घटनाओं में 500.81 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ,…
कभी नदी में बहकर चट्टानों के बीच फंसी थी मासूम हथिनी, आज कालागढ़ एलीफेंट सेंटर…
रोजगार का झांसा देकर ट्रैवल एजेंसी के माध्यम से भेजा गया था रूस, मुख्यमंत्री धामी…