कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि पर्याप्त वर्षा से धान, मक्का और अन्य खरीफ फसलों की बुवाई में तेजी आएगी। इसके अलावा जल स्रोतों के पुनर्भरण में भी मदद मिलेगी।
हालांकि प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है क्योंकि कुछ क्षेत्रों में भूस्खलन और जलभराव की आशंका बनी हुई है। आपदा प्रबंधन विभाग लगातार स्थिति पर नजर रख रहा है।
विशेषज्ञों के अनुसार यदि आने वाले सप्ताहों में भी सामान्य वर्षा जारी रही तो कृषि उत्पादन पर सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल सकता है।
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