भगत सिंह, राजगुरू व सुखदेव को शहादत दिवस पर श्रद्धांजलि देकर याद किया।

मसूरी : देश की आजादी में शहादत देने वाले शहीद भगत सिंह, राजगुरू व सुखदेव के शहादत दिवस पर इप्टा मसूरी के तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में श्रद्धांजलि दी गई व उनको याद किया गया।
शहीद भगत सिंह चौक पर आयोजित शहादत दिवस श्रद्धांजलि कार्यक्रम में शहीद भगत सिंह की प्रतिमा पर पुष्पाजंलि अर्पित की गई। वहीं इप्टा के साथियों ने जनगीत गाकर मौजूद लोगों में जोश भरा। इस मौके पर इप्टा के सह सचिव व भाकपा के सचिव कामरेड देवी गोदियाल ने कहा कि आज देश को आजादी दिलाने वाले ऐसे महान लोगों को भूलते जा रहे हैं, लेकिन उनके द्वारा देश की आजादी में अहम भूमिका निभाई गई और आज उन्हीं की बदौलत हम खुली हवा में सांस ले रहे हैं। देश की आजादी के लिए उनके द्वारा दिए गए बलिदान को हमेशा याद रखा जायेगा। उन्होंने कहा कि देश की आजादी के बाद भी देश में शोषण हो रहा है, भ्रष्टाचार बढ़ रहा है उसके लिए आहवान किया कि शहीद भगत सिंह के विचारों को आत्मसात कर इसके खिलाफ लामबंद हो यही उनको सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस मौके पर व्यापार संघ के अध्यक्ष रजत अग्रवाल ने कहा कि भगत सिंह राजगुरु और सुखदेव जैसे क्रांतिकारी नेता बहुत कम पैदा होते हैं लेकिन आज भी वह युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत हैं। केंद्र और राज्य सरकारों को उनकी शहादत दिवस पर भव्य कार्यक्रम आयोजित करने चाहिए। उन्होंने कहा कि भगत सिंह, राजगुरू व सुखदेव ने अपने लिए नहीं बल्कि देश के लिए शहादत दी। उनकी बदौलत आजादी मिली लेकिन आज देश में लोकतंत्र की हत्या की जा रही है धर्मनिरपेक्षता की कमी आ रही है, उसके खिलाफ युवाओं को भगत सिंह से प्रेरणा लेकर आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा कि आने वाले साल में शहादत दिवस को बड़े स्तर पर मनाया जायेगा। इस मौके पर वक्ताओं ने भगत सिंह, राजगुरू व सुखदेव को याद कर श्रद्धांजलि अर्पित की, व कहा कि उन्हांेने देश की आजादी के लिए अल्प आयु में हंसते-हंसते फांसी के फंदे पर झूल गये। ऐस महान क्रांतिकारियों, महान सपूतों को जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति दी उनके जीवन से प्रेरणा लेकर कार्य करना चाहिए। इस मौके पर इप्टा की ओर से जनगीत गाये गये। इस मौके पर प्रकाश राणा, ममता राव, भगवान सिंह चौहान आदि ने भी विचार व्यक्त किए व शहीदों को श्रद्धांजति अर्पित करते हुए याद किया। इस मौके पर सुधीर डोभाल, मनोज अग्रवाल, पंकज पंत, राम प्रसाद कवि, त्रिलोक चौहान, रूबीना अंजुम, तनमीत खालसा आदि भी मौजूद रहे।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *